आयुर्वेदिक दोष (वात-पित्त-कफ) अनुसार शाकाहारी/सात्विक डाइट प्लान
— मोटापा घटाने के साथ संतुलन बनाए रखने हेतु।
(आधार: चरक संहिता और अष्टांग हृदयम् की आहार-सिद्धांत परंपरा)
पहले अपना प्रमुख दोष पहचानें:
वात – दुबला/शुष्क त्वचा, ठंड जल्दी लगती, गैस-कब्ज प्रवृत्ति।
पित्त – गरमी अधिक, तेज पाचन, चिड़चिड़ापन।
कफ – भारीपन, सुस्ती, वजन जल्दी बढ़ना।
🌬️ 1) वात दोष हेतु (गरम, तैलयुक्त, सुपाच्य)
लक्ष्य: अग्नि संतुलन, कब्ज व गैस कम करना
सुबह: गुनगुना पानी + 2–3 भीगे बादाम
नाश्ता: दलिया/ओट्स घी की ½ चम्मच के साथ, या मूंग दाल चीला
दोपहर: 2 रोटी + मूंग/मसूर दाल + लौकी/तुरई + सलाद कम मात्रा
शाम: अदरक-तुलसी चाय
रात: खिचड़ी (घी की थोड़ी मात्रा) या मूंग सूप
✔ तिल का तेल/घी थोड़ा उपयोगी
❌ कच्चा सलाद अधिक न लें
❌ ठंडा, फ्रिज का भोजन न लें
🔥 2) पित्त दोष हेतु (शीतल, कम मसालेदार)
लक्ष्य: गरमी व एसिडिटी नियंत्रित
सुबह: ठंडा नहीं, सामान्य ताप का पानी + धनिया जल
नाश्ता: फल (मीठे जैसे पपीता/सेब), दलिया
दोपहर: 2 रोटी + तोरई/कद्दू + मूंग दाल + खीरा सलाद
शाम: नारियल पानी या सौंफ जल
रात: सब्जी सूप + हल्की खिचड़ी
✔ घी थोड़ा लाभकारी
✔ धनिया, सौंफ, इलायची उपयोगी
❌ बहुत तीखा, खट्टा, तला भोजन न लें
🌿 3) कफ दोष हेतु (हल्का, गरम, कम तैलयुक्त)
लक्ष्य: मेटाबॉलिज़्म तेज करना, वजन घटाना
सुबह: गुनगुना पानी + नींबू + शहद
नाश्ता: स्प्राउट सलाद / मूंग चीला
दोपहर: 1–2 रोटी + हरी सब्जी + दाल (कम मात्रा)
शाम: ग्रीन टी + भुना चना
रात: केवल सूप / उबली सब्जी
✔ काली मिर्च, अदरक, हल्दी उपयोगी
✔ सप्ताह में 1 दिन हल्का उपवास
❌ मिठाई, दही (रात में), नहीं लें
📌 सभी दोषों के लिए सामान्य नियम
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भोजन समय पर करें
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70% पेट भरें
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भोजन के बाद 100 कदम चलें
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रात का भोजन सूर्यास्त के बाद हल्का रखें
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7–8 घंटे नींद
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